हरियाणा: वाल्मिकी मंदिर बनाने को लेकर विवाद, घरों में घुसकर लोगों पर किया हमला, FIR भी दर्ज नहीं

Haryana-Dinod-Dalit-Atrocities

हरियाणा (Haryana) के भिवानी (Bhiwani) जिले के गांव दिनोद में दो पक्षों में मंदिर निर्माण को लेकर विवाद हो गया. गांव के वाल्मिकी समुदाय (Valmiki Community) के लोगों ने आरोप लगाया है कि उनकी बस्ती पर ठाकुर समाज़ के लोगों ने हमला कर दिया. उनका आरोप है कि ये लोग पूर्व में ग्राम पंचायत द्वारा दी गई ज़मीन पर वाल्मिकी मंदिर (Valmiki Temple) नहीं बनने देना चाहते थे. इसी मकसद से बीते बुधवार को जब वे कंस्‍ट्रक्‍शन से संबंधित सामान को जब उक्‍त जगह से हटाने लगे और इन्‍हें रोका गया तो उन पर लाठी-डंडों व धारदार हथियारों से हमला कर दिया.

जरूर पढ़ें- दलित आवाज़ की खबर का असर, रायबरेली दलित युवक की मौत का मामला राष्‍ट्रपति तक पहुंचा

इस घटना में वाल्मिकी समुदाय के करीब आधा दर्जन लोग तो दूसरे पक्ष के भी 2 से 3 लोग घायल हुए हैं.

पढ़ें- रायबरेली: दलित की गाय चरने खेत में घुसी, दंबगों ने दलित को इतना पीटा की हुई मौत, पुलिस की लापरवाही

इस बारे में दलित राइट्स एक्टिविस्ट एडवोकेट रजत कल्सन का कहना है कि पुलिस ने अभी तक इस मामले में पीडि़त पक्ष का बयान तक दर्ज नहीं किया है और वाल्मिकी समुदाय की तरफ से एसपी (भिवानी) को दी गई शिकायत के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हो सकी है.

पढ़ें- हरियाणा: लॉकडाउन में एक दलित मुस्लिम महिला का हिंदू रीति रिवाज से हुआ अंतिम संस्‍कार, जानें क्‍यों?

एडवोकेट रजत कल्‍सन ने आरोप लगाते हुए बताया कि गांव दिनोद की पूर्व ग्राम पंचायत ने वाल्मिकी मंदिर बनाने के लिए 200 गज जमीन अलॉट की थी. यह अलॉटमेंट गांव के कॉमन लैंड पर की गई. इसके बाद ग्राम पंचायत के पदाधिकारी बदलने के बाद स्थिति बदल गई. बीती 6 मई अचानक ठाकुर समाज के लोगों द्वारा वाल्‍मिकी मंदिर बनाने के लिए लाए गए सामान को हटाया जाने लगा. जब उन्‍हें ऐसा करने से मना किया गया तो दूसरे पक्ष ने गाली-गलौच व अपमानजनक शब्‍दों का प्रयोग किया.

(Dalit Awaaz.com के फेसबुक पेज को Like करें और Twitter पर फॉलो जरूर करें…)

उनका आरोप है कि दूसरे पक्ष के लोगों ने रिवॉल्‍वर, गंढासा, बल्ले, तलवार, व ईंट-पत्‍थरों से हमला कर दिया. बड़ी संख्‍या में दूसरे पक्ष के लोगों ने वाल्मिकी समुदाय के लोगों के घर में घुसकर उन पर हमला कर घायल कर दिया और घर के सामान में तोड़फोड़ की. उन्‍होंने अपने घर की छतों पर चढ़कर अपनी जान बचाई.

पढ़ें- दक्षिण भारत में किस हद तक फैला है जातिवाद, इस घटना से पता चलता है…

दैनिक जागरण में प्रकाशित खबर के अनुसार भी गांव दिनोद में वाल्मिकी मंदिर परिसर के बाहर डलवाई गई मिट्टी को कुछ लोगों ने जेसीबी की मदद से उठाने की कोशिश की और इसे बाद विवाद हो गया. एक पक्ष के लोग अनुसूचित जाति के लोगों के घरों में घुस गए और दरवाजे तोड़कर आधा दर्जन लोगों को घायल कर दिया. इसके बाद दोनों पक्षों के बीच घमासान हुआ. इस घटना में दोनों पक्षों के करीब 8 लोग घायल हुए हैं. गांव में तनाव की स्थिति को देखते हुए सदर थाना पुलिस की तीन गाडि़यों को मौके पर भेजा गया और गांव में भारी संख्‍या में पुलिसबल तैनात किया गया है.

Haryana Bhiwani Dinod Dalit Atrocities

पढ़ें- डॉ. आंबेडकर की मूर्ति पर डाली जूतों की माला, चेहरे पर बांधा अपमानजनक टिप्‍पणियों वाला पोस्‍टर

वाल्मिकी महापंचायत महासभा ने अपने समाज के नेताओं से गुजारिश की है कि उनकी मदद की जाए और भिवानी ज़िले की SP से इस मामले में बातचीत की जाए.

एडवोकेट रजत कल्‍सन ने बताया कि उनकी ओर से इस बारे में राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग (National Commission for Scheduled Castes) के क्षेत्रीय निदेशक डॉ. राजकुमार खन्ना से बात की गई है. उन्होंने आश्‍वासन दिया कि वह इस मामले में एसपी से बात कर तुरंत मुकदमा दर्ज कराने और कार्रवाई की बात करेंगे. इस मामले में एसपी भिवानी से भी संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो पाया. इसी तरह इस मामले में थाना सदर से संपर्क किया गया तो वहां से पता चला है कि इस मामले में अभी तक कोई एफआईआर दर्ज नहीं की गई है और न ही घायलों के बयान दर्ज किए गए. अब इस मामले में जल्द ही मजिस्ट्रेट अदालत में याचिका दायर कर आगामी कार्रवाई करेंगे.

ये खबरें भी पढ़ें…

राजस्‍थान के नागौर में दलित महिला से एक साल से हो रहा था गैंगरेप, क्‍योंकि…

रायबरेली: दलित की गाय चरने खेत में घुसी, दंबगों ने दलित को इतना पीटा की हुई मौत, पुलिस की लापरवाही

सिद्धार्थनगर: प्रधान के बेटे-दबंगों ने दलित युवक को पीटा, सिर मुंडवाया, गांव में घुमाया, पुलिसवाले देखते रहे

दलित बस्‍ती को 2 महीने से नहीं मिल रहा पानी, सरपंच के पति ने कुएं से पानी भरने से भी मना किया

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *